बीकानेर। अतिरिक्त सेशन न्यायाधीश (महिला उत्पीड़न प्रकरण) के न्यायालय ने वर्ष 2016 के एक दुष्कर्म के प्रयास एवं घर में घुसकर लज्जाभंग करने के मामले में आरोपी मुल्जिम एहसान उर्फ आमिर खान को दोषी ठहराते हुए भारतीय दंड संहिता की धारा 354 एवं 354-क के तहत तीन वर्ष के कठोर कारावास एवं अर्थदंड से दंडित किया है।
प्रकरण की जानकारी देते हुए परिवादी पक्ष के अधिवक्ता कौशल सांखला ने बताया कि मामला वर्ष 2016 में पुलिस थाना गंगाशहर में दर्ज हुआ था। अभियोजन के अनुसार, पीड़िता अपने बच्चों के साथ घर पर अकेली थी। इसी दौरान आरोपी कथित रूप से घर में घुस आया और उसके साथ जबरदस्ती करने तथा लज्जाभंग करने का प्रयास किया। पीड़िता के विरोध करने और शोर मचाने पर आरोपी मौके से फरार हो गया। बाद में मामले की रिपोर्ट पुलिस में दर्ज कराई गई।
अधिवक्ता कौशल सांखला के अनुसार, न्यायालय में अभियोजन पक्ष की ओर से 4 गवाहों के बयान एवं 6 दस्तावेजी साक्ष्य प्रस्तुत किए गए। वहीं परिवादी पक्ष की ओर से 8 न्यायिक दृष्टांत भी न्यायालय के समक्ष रखे गए, जिनके आधार पर आरोपी को दोषसिद्ध करने का आग्रह किया गया।
उन्होंने बताया कि इस मामले की पैरवी परिवादी अधिवक्ता कौशल सांखला तथा लोक अभियोजक राजपाल सिंह द्वारा की गई। न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों एवं पक्षकारों की दलीलों के आधार पर आरोपी को दोषी मानते हुए सजा सुनाई।



















