हमारा बीकानेर। शहर जिला कांग्रेस कमेटी की नई कार्यकारिणी की घोषणा हुए दो दिन बीत चुके हैं। 31 पदाधिकारियों वाली इस नई टीम के सामने आने के बाद पार्टी के भीतर सब कुछ सामान्य नजर नहीं आ रहा है। सूची जारी होने के साथ ही सोशल मीडिया पर विरोध के स्वर तेज होने लगे हैं, जिससे यह संकेत मिल रहा है कि नए शहर अध्यक्ष के सामने संगठन को एकजुट बनाए रखना आसान नहीं होगा।
सबसे अधिक चर्चा वरिष्ठ कांग्रेस नेता फिरोज भाटी को नई कार्यकारिणी में स्थान नहीं मिलने को लेकर हो रही है। उनके समर्थक लगातार सोशल मीडिया पर नाराजगी जाहिर कर रहे हैं। बताया जा रहा है कि फिरोज भाटी वर्ष 2003 से युवा कांग्रेस के माध्यम से सक्रिय राजनीति में जुड़े और तब से संगठन में विभिन्न जिम्मेदारियां निभाते रहे हैं। वर्ष 2017 से 2026 तक वे शहर कांग्रेस में पदाधिकारी के रूप में भी कार्यरत रहे, लेकिन इस बार घोषित नई टीम में उन्हें शामिल नहीं किया गया।
फिरोज भाटी मुस्लिम समाज के सिपाही समाज से आते हैं। समर्थकों का कहना है कि शहर की दोनों विधानसभा क्षेत्रों में इस समाज की अच्छी-खासी संख्या है, लेकिन नई कार्यकारिणी में इस समाज को प्रतिनिधित्व नहीं मिलने से समाज के लोगों में भी नाराजगी देखी जा रही है।
सूत्रों के अनुसार, केवल फिरोज भाटी ही नहीं बल्कि कई ऐसे कार्यकर्ता और नेता भी हैं जो स्वयं को गुटबाजी का शिकार मान रहे हैं। संगठन के भीतर असंतोष की चर्चा लगातार बनी हुई है। वहीं, कांग्रेस के कुछ वरिष्ठ नेताओं के भी इस सूची से असंतुष्ट होने की बातें सामने आ रही हैं। सूत्रों का दावा है कि इनमें से कुछ नेता आने वाले समय में राजनीतिक पाला बदलने पर भी विचार कर सकते हैं।
हालांकि, इस पूरे मामले पर शहर कांग्रेस की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।























