देशनोक/बीकानेर। देशनोक में पट्टा पत्रावलियों को लेकर कुछ अलग खेल ही नजर आ रहा है। चुनाव से ठीक पहले पट्टा पत्रावलियों से जुड़े ये दस्तावेज सामने आने से राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार एसीबी जांच के दौरान पट्टा पत्रावलियों में तत्कालीन पालिकाध्यक्ष ओमप्रकाश मूंधड़ा के रिश्तेदारों के नाम सामने आ रहे हैं। इनसे जुड़ी पत्रावलियों में एक समान आवासीय मतदाता रिकॉर्ड के इस्तेमाल का दावा सामने आया है। इतना ही नहीं सदर बाजार की एक व्यावसायिक संपत्ति को पत्रावली में आवासीय मकान के रूप में दर्शाए जाने का दावा है। एक अन्य गंभीर आरोप नक्शे को लेकर है। एसीबी पहले से मामले की जांच कर रही है, लेकिन और भी पेच नजर आएंगे। पत्रावली में लगा नक्शा मूल रजिस्टर्ड सेल डीड के नक्शे से अलग होने का दावा किया गया है। आरोप है कि सामने की सार्वजनिक सड़क की जमीन भी नक्शे में शामिल दिखाई गई। पत्रावलियों में वर्ष 1988, 1998, 2003 और 2007 की मतदाता सूचियों में ‘बीकानेर पूर्वÓ का उल्लेख होने का दावा भी सामने आया है। जबकि यह विधानसभा क्षेत्र 2008 के परिसीमन के बाद अस्तित्व में आया। पट्टा पत्रावलियों में वास्तविक तारीख को लेकर भी संदेश जताया जा रहा है, बैकडेटिंग की पुष्टि मूल कार्यालयी रिकॉर्ड की जांच के बाद ही तय हो सकती है।



















